Dard Shayari In Hindi : हम सभी के जीवन मे कभी ना कभी ऐसा पल जरूर आता है। जब हम काफ़ी दुख भरे समय से गुज़र रहे होते है। कभी किसी से बिछड़ने का दुख, कभी कुछ हारने के दुख, कभी किसी की याद का दुख, कुछ ना कुछ दुख हम हमेशा झेल रहे होते है। ऐसे में ये शायरी आपकी मदद करेगे। जिनके द्वारा आप अपना दर्द दोस्तो के साथ बांट सकते है।
आज की पोस्ट में हम आपके साथ Zindagi Ka dard shayari साझा कर रहे है। हम गुजारिश करते है कि आप सभी दोस्तो को ये शायरियां पसंद आई होगी तो आइये दोस्तो बिना समय गवाये इन शायरियो को पढ़ना शुरू करते है।
Dard shayari in hindi
वो जो कभी मेरा सब कुछ था
आज उसके लिए मैं कुछ भी नही..!!!
टूट कर चाहा था तुम्हे ये मेरी ख़ता थी
अब टूट कर बिखरना मेरी सज़ा बनी..!!!
दर्द की भी अपनी एक अदा है
ये सहने वालों पर ही फ़िदा है
जो हँसकर छुपा ले अपने आँसू
वही ज़िंदगी में सबसे बड़ा है..!!!
कभी किसी को इतना मत चाहो
कि उसके जाने के बाद तुम मुस्कुरा न सको
ज़िंदगी जीना मुश्किल हो जाए
और तुम किसी को अपना कह न सको..!!!

हँसते हैं लोग देखकर हमें वो क्या जानें
कि ये मुस्कान भी
एक टूटा हुआ भरोसा छुपाती है..!!!
हमने सोचा था बताएँगे सब दर्द तुमको
पर तुमने तो इतना
भी न पूछा कि ख़ामोश क्यों हो..!!!

कुछ ज़ख्म कभी भरते नही
वक्त की मरहम के बाद भी क्योंकि
वो किसी अपनों की दी हुई यादें होती है..!!!
टूट कर चाहा था तुम्हें इस कदर
कि अपने आप को भी भुला बैठे
तुमने तो दिल तोड़ा ही
हम तो अपनी पहचान भी गँवा बैठे..!!!

मैं वो नही जो सबके लिए बदल जाऊं
जो जैसा है वैसा जवाब पाऊं..!!!
अब शिकायत कैसी और गिला क्या
जिसने दर्द दिया वही दवा क्या
ख़ामोश रहना ही बेहतर है
अब हर लफ़्ज़ में सज़ा क्या..!!!

चुपचाप बैठी रहती है उदासी मेरे पास
लगता है ग़म को भी मेरी आदत सी हो गई है..!!!
वक्त बदल जाता है, लोग बदल जाते हैं
बस यादें ही हैं जो हमेशा साथ निभाती है..!!!

दर्द इतना था मेरे दिल मे मै बता न सकी
आँखों में आँसू थे फिर भी गिरा न सकी..!!!
कभी-कभी इंसान टूट जाता है
सिर्फ किसी को खुश देखने के लिए..!!!

तेरे जाने के बाद जिंदगी गमों से भर गयी है
इसीलिए जीने की ख्वाहिश हमसे दूर हो गयी है..!!!
तेरी खामोशी भी समझ लेते हैं हम
क्योंकि तेरे दर्द से हमारा रिश्ता पुराना है..!!!
Dard shayari in hindi

जिंदगी को मिले कोई हुनर ऐसा भी
सबमे मौजूद भी हो और फना हो जाए..!!!
रातें अब भी तन्हा लगती है
तेरी यादें हर पल सताती है
टूटा हुआ दिल है मेरा
पर फिर भी तेरी मोहब्बत चाहती है..!!!

दर्द मोहब्बत का ऐ दोस्त बहुत खूब होगा
न चुभेगा न दिखेगा बस महसूस होगा..!!!
दिल टूट गया पर उम्मीद बाकी है
शायद तू लौट आए यही दुआ बाकी है
टूटा दिल है मेरा
लेकिन तेरे बिना भी मैं खड़ा हूँ..!!!

दिल के पहलू मे एक दर्द सा पाने लगे
जब अपने ही बेगाने से नजर आने लगे..!
दर्द दिल में है मगर मिलते हैं हर एक से हँसकर
यही एक हुनर आया है बहुत कुछ खोने के बाद..!!!

जहन में जख्मो को
अपनो ने कुछ यूं बसाये है
जो कोई मरहम लगाये तो
आंखों ने अश्क बहाये है.!!
ख़ामोशियाँ कभी बेवजह नहीं होती
कुछ दर्द आवाज़ छीन लिया करते हैं !

तेरी यादें मुझे बहुत सताने लगी है
जब से तु मेरे दिल से दूर जाने लगी है.!!
मोहब्बत का मेरे सफर आख़िरी है
ये कागज कलम ये गजल आख़िरी है !
Dard shayari in two line

कि इश्क में मैं मंजिल
ढूंढने चली हूं बंजारन थी
अब मुसाफिर बनने चली हूं..!
हँसते हुए ज़ख्मो को भुलाने लगे है हम
हर दर्द के निशान मिटाने लगे है हम !

इश्क महकता रहता है
दर्द बढ़ता रहता है
वफाओं के धागों में
दिल अक्सर टूटा रहता है..!
दिल के ज़ख्मो को हवा लगती है
साँस लेना भी यहाँ आसान नही है !

मौत का दरिया था वो इश्क तो
उसका नाम ऐसे ही रखा गया था..!
तेरी मोहब्बत मे हम बैठे है
चोट खाए जिसका हिसाब न हो
सके उतने दर्द हमने पाये !

ये गमो का दरिया है जनाब
यहां जब-जब आओगे बिना
डूबे जा नही पाओगे..!
बहुत जुदा है औरो से मेरे दर्द की
कैफियत ज़ख्म का कोई पता नही
और तकलीफ की इन्तेहाँ नही !
Bewafa dard bhari shayari

जिंदगी बीत गई
आधी मेरी जिसे पाने में
ना जाने कितनी सदियां लगेगी
उस बेवफा को भुलाने में..!
किस दर्द को लिखते हो इतना डूब कर
एक नया दर्द दे दिया है उसने ये पूछकर !

मेरे दर्द ने मेरे ज़ख्मो से शिकायत की है
आँसुओं ने मेरे सब्र से बगावत की है !
रोज़ पिलाता हूँ एक ज़हर का प्याला उसे
एक दर्द जो दिल मे है मरता ही नही है !

दिल का दर्द छुपाना कितना मुश्किल है
ग़म में मुस्कुराना कितना मुश्किल है !
दर्द हमने संभाला है हमने आँसू बहाए हैं
बेशक वजह तुम थे पर दिल तो हमारा था !
ख़ुदकुशी जुर्म भी है सब्र की तौहीन भी है
इस लिए इश्क मे मर-मर के जिया करते है!
उलटी पड़ी हैं रेत पर सब किश्तियाँ मेरी
कोई ले गया है दिल से समंदर निकाल कर !
Dard bhari shayari for girls

आरजू नहीं की ग़म का तूफान टल जाये
फ़िक्र तो ये है तेरा दिल न बदल जाये !
पास आकर सभी दूर चले जाते है
हम अकेले थे अकेले रह जाते है !
ज़माने में किसी पर ऐतबार मत करना
किसी की चाहत मे दिल बेकरार मत करो !
दर्द ही दर्द है दिल में बयान कैसे करें
ज़िंदगी ग़मों की गुलाम रिहा कैसे करें !
हर एक हसीन चेहरे में गुमान उसका था
बसा न कोई दिल में ये मकान उसका था !
शायरी में कहाँ सिमटता है दर्द-ए-दिल दोस्तो
बहला रहे हैं खुद को जरा कागजों के साथ !
मोहब्बत की नफ़ासत का बहाना भूल जाओगे
हमारे ज़ख्म देखोगे निभाना भूल जाओगे..!!!
Final words on Dard shayari
आशा करती हूं कि आप सभी को आज की पोस्ट dard shayari पढ़ने के लिए धन्यवाद। दोस्तों ऐसे ही आप हमारे साथ जुड़े रहे हैं। हम रोजाना इस ब्लॉग पर अलग-अलग टॉपिक पर शायरियां लेकर आते हैं। और आप हमें सोशल मीडिया पर भी फॉलो कर सकते हैं।